तब यहाँ दिए गए दोष उन कारकों तथा फल- प्रतिफलों का विरोध करते है परिणाम स्वरुप भविष्य कथन सही नहीं प्राप्त होते है l हथेली के ऊपर भिन्न -भिन्न तरह की रेखाए प्राप्त रहती है जिनका पठन आपने बहुत सी पुस्तकों में किया होगा l परन्तु यहाँ पर रेखाओ के बारे में जानकारी नहीं दी गई है अपितु यह दर्शाया है क़ि हस्तशास्त्र में दोष भी होते है और वे दोष कितने होते है
BN Panda (Biswanath Panda) Publisher: Ajay Book Service
द्वादश भाव
फलित सरोवर
मैं पिछले चालीस वर्ष से हस्त पठन की प्रैक्टिस कर रहा हू और पिछले कुछ समय से "इंस्टीव्यूट आँफ पाल्मिस्ट्री "के माध्यम से शिक्षार्थियों के अलग ग्रुप बनाकर उन्हें हस्तरेखा विद्या का शिक्षण भी देता रहा हूँ।
Manusmriti [Hindi] Author:Jwala Prasad Chaturvedi तब यहाँ दिए गए दोषManusmriti Hindi , . . . . : . , , , . . , , , , , . , , , , , , .